बच्चों में मोटापा एक बड़ी समस्या बनकर सामने आ गया है। वैश्विक अनुमानों की मानें तो एक दशक में 5 से 17 वर्ष के 26.8 करोड़ बच्चे ओवरवेट होंगे। सरकारें इस और ध्यान नहीं दे रही हैं, इससे मोटापा बढ़ रहा हैं।
एक सर्वे के अनुसार 2025 तक 1.20 करोड़ बच्चे शरीर में ग्लूकोज की जरुरी क्षमता की कमी से पीड़ित होंगे जबकि 40 लाख टाइप टू डायबिटीज के शिकार होंगे। 2.7 करोड़ बच्चे जहाँ हाइपरटेंशन तो 3.8 करोड़ बच्चे लीवर में फैट से पीड़ित होंगे।
समाज के लिए खतरे की घंटी:
समाज को जागरूक हो कर इस ओर कुछ ठोस कदम उठाना चाहिए। ज्यादा से ज्यादा खेल-कूद और अन्य गतिविधियों पर ध्यान देना चाहिए। फास्ट फ़ूड एवं ज्यादा चिकनाईयुक्त भोजन नहीं खिलाना चाहिए।


No comments:
Post a Comment